
संवाददाता अखिलेश विश्वकर्मा का रिपोर्ट गढ़वा
विशुनपुरा से
ग्रामीणों ने संवेदक पर अनियमितता का आरोप लगाया है.
आक्रोश रैली दरवाहा प्राथमिक विद्यालय से पिपरी बिर कुँवर थम स्थल तक निकाली गयी.

इस दौरान ग्रामीणों ने ठेकेदार एवं विभाग के विरुद्ध जमकर नारेबाजी करते हुये निर्माण कार्य बंद करा दिया है. ग्रामीणों ने संवेदक काम बंद करो, पीएचडी विभाग भ्रस्ट है. जबतक क्वालिटी नही, तबतक काम नही आदि नारे लगाया है.

विरोध में झामुमो अनुमंडल उपाध्यक्ष ग्यासुदीन अंसारी, माणिक सिंह, शंभूराम चन्द्रवँशी, राजकुमार भुइयां, बिके चंदेल, रूपेश चन्द्रवँशी, सुनील चन्द्रवँशी, छठनी देवी, मधु देवी, ममता देवी, नेहा देवी, सुरजी कुँवर, फुलेशरी देवी, सुमित्री देवी, कल्पतिया देवी, अवधेश भुइयां, सीताराम चन्द्रवँशी, राजेन्द्र यादव, इनराज अंसारी, टहल अंसारी, हेमज अंसारी,
नन्दू यादव, शिवकुमार यादव सहित सैकड़ो ग्रामीणों ने बताया कि ठेकेदार एवं पदाधिकारी की मिलीभगत से घटिया सामग्री के उपयोग कर नलजल में घोर अनियमितता बरती गयी है. जिस कारण अभी तक नल से एक बूंद भी पानी नहीं निकली है. ग्रामीणों ने बताया कि दो सौ फीट की जगह 60 फिट बोरिंग कराकर मोटर लगवा दिया गया है. बोरिंग में पानी भी नही निकला है. और सोलर जलमिनार का निर्माण कर दिया गया है. कयी जगह पाइप लीकेज की समस्या बनी हुयी है. ग्रामीणों ने बताया कि योजना में ठेकेदार के द्वारा मापदंड की अनदेखी करने के कारण योजना जीर्ण शीर्ण अवस्था मे पड़ी हुयी है. लोगो को इसका लाभ नही मिल रहा है.
ग्रामीणों ने बताया कि दरवाहा गांव में लगभग 100 घरों में नल लगवा दिया गया है. लेकिन निर्माण के बाद नल से एक बूंद भी पानी नही निकली है. ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि सभी लोगो से आधार कार्ड लेकर बिना कार्य पूर्ण किये पीएचडी जेई के मिलीभगत से फर्जी बिल की निकासी कर लिया गया है.
ग्रामीणों ने बताया कि विभाग के जेई एवं एसडीओ से कयी बार शिकायत किया. लेकिन ठेकेदार पर कोई कारवायी नही किया गया. ना ही कार्य मे कोई सुधार हुआ.
ग्रामीनो ने विभाग के पदाधिकारियों पर भ्रस्टाचार का आरोप लगाया है. ग्रामीणों ने कहा की शिकायत के बाद भी कोई अधिकारी स्थल पर जांच करने नही आते है. जिस कारण ठेकेदार नलजल योजना में मनमानी कर रहा है.
इस सम्बंध पीएचडी विभाग के एसडीओ राजेश कुमार ने बताया कि संवेदक के द्वारा मापदंड के अनुसार ही कार्य किया जारहा है.






