सोरायसिस क्या है ? जानिए इसके कारण, लक्षण और इलाज के बारे

सोरायसिस एक चर्म रोग है जो विशेष रूप से हमारी कोहनी और घुटने की त्वचा को प्रभावित करता है लेकिन कभी कभी यह हाथ, पैर, गर्दन, चेहरे, नाख़ून, प्राइवेट अंगो के आसपास की त्वचा पर भी होती है | अगर आप इस बीमारी को अच्छी तरह से समझना चाहते है तो यह बहुत ही जरुरी है की आप इस पोस्ट को अंत तक पूरा पढ़े |

क्या है सोरायसिस ?

इस बीमारी में हमारी त्वचा की कोशिकाए अनियमित रूप से तेजी से वृद्धि करती है जिससे त्वचा में नमी ख़त्म हो जाती है | त्वचा सूख जाती है और उसमे जलन, सुजन, खुजली, मोटे और लाल दाने, दरार आदि होने लग जाती है |

क्या है इस बीमारी के कारण ?

इसका एकदम सही कारण तो नहीं पता चल पाया है लेकिन शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली में गड़बड़ और टी-कोशिकाओ और श्वेत रक्त कणिकाए में हुई गड़बड़ी की वजह से होता है | गड़बड़ी की वजह से ये कोशिकाए हमारी त्वचा की कोशिकाओ का उत्पादन तेज कर देती है और हमें यह बीमारी हो जाती है | इसके अलावा अगर आप त्वचा के इन्फेक्शन से पीड़ित है, जल जाने, धुम्रपान और शराब का सेवन, विटामिन डी की कमी, सोरायसिस के मरीज से संपर्क बनाने से भी यह बीमारी हो सकती है |

लक्षण

त्वचा पर सुजन, चक्कते , पपड़ी जैसा बनना, खुजली चलना, जलन होना, नाख़ून मोटे हो जाना, जोड़ो में दर्द होना, त्वचा का फटना और उसमे से खून आना आदि इस रोग के प्रमुख लक्षण है |

सोरायसिस का इलाज

  • अपने भोजन में अधिक से अधिक हल्दी का प्रयोग करे क्योकि हल्दी के उपयोग से यह बीमारी जल्दी ठीक होती है | आप चाहे तो हल्दी की गोलिया बना ले या फिर अपनी सब्जी में हल्दी थोड़ी ज्यादा डालकर खाए |
  • जब हम डॉक्टर के पास जाते है तो वहां पर लाइट थेरेपी से इसका इलाज किया जाता है और प्रभावित त्वचा पर पैराबेंग्नी किरणे डाली जाती है |

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

%d bloggers like this: