दिनांक: 26 जुलाई, 2025
स्थान: सतना, मध्य प्रदेश
सतना के तहसीलदार कोठी से जारी एक आधिकारिक दस्तावेज ने भारत में चरम गरीबी के एक चौंकाने वाले मामले को उजागर किया है। यह प्रमाण पत्र, जो 22 जुलाई, 2025 को सतना (मध्य प्रदेश) राजस्व विभाग द्वारा जारी किया गया, एक स्थानीय निवासी को सालाना आय मात्र 3 रुपये के साथ देश का संभवतः सबसे गरीब व्यक्ति घोषित करता है।
इस दस्तावेज पर तहसीलदार सौरभ द्विवेदी के हस्ताक्षर हैं, जिसमें कहा गया है कि इस व्यक्ति की आजीविका इस नगण्य आय पर टिकी हुई है, जिसने क्षेत्र की सामाजिक-आर्थिक स्थिति पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस खुलासे से स्थानीय समुदायों और कार्यकर्ताओं में रोष और चिंता फैल गई है, और कई लोग सरकार से तत्काल हस्तक्षेप की मांग कर रहे हैं।
डॉ. मोहन यादव, कैलाश विजयवर्गीय, शिवराज सिंह चौहान और प्रमुख नेताओं और पत्रकारों को सोशल मीडिया पर टैग किया गया है, जो इस मामले की गहन जांच और प्रभावित व्यक्ति के लिए समर्थन की मांग कर रहे हैं। #SatnaPoorMan हैशटैग ट्रेंड करना शुरू हो गया है, जिससे यह मुद्दा राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में आ गया है।
प्राधिकारियों ने अभी तक आधिकारिक रूप से कोई जवाब नहीं दिया है, लेकिन यह मामला ग्रामीण भारत में गरीबी उन्मूलन कार्यक्रमों और उनकी प्रभावशीलता पर व्यापक बहस को जन्म दे रहा है। आगे की जानकारी की प्रतीक्षा है क्योंकि यह मामला राष्ट्रीय ध्यान का केंद्र बनता जा रहा है।
स्रोत: आधिकारिक प्रमाण पत्र, तहसीलदार कोठी, सतना

