Site icon Bhoomika Bharat News

लखीमपुर खीरी *धौरहरा में बाढ़ का फुल अलर्ट मोड: एडीएम ने शारदा-घाघरा कटान क्षेत्र का किया निरीक्षण, अफसरों को दिए कड़े निर्देश* लखीमपुर खीरी 03 जुलाई। बाढ़ के खतरे को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह सतर्क मोड में आ गया है। गुरुवार को एडीएम नरेंद्र बहादुर सिंह ने एसडीएम शशि कांत मणि के साथ तहसील धौरहरा के अंतर्गत घाघरा एवं शारदा नदी के कटान प्रभावित क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने कटान रोधी कार्यों की प्रगति की समीक्षा करते हुए संबंधित विभागीय अफसरों को सख्त हिदायत दी कि काम में कोई कोताही न बरती जाए और निर्माण की गुणवत्ता सर्वोच्च प्राथमिकता हो। एडीएम ने जसवंतनगर व हसनपुर कटौली बाढ़ चौकी का निरीक्षण किया और मौके पर मौजूद अधिकारियों से तैयारियों का जायजा लिया। उन्होंने मडवा, मिर्जापुर सरैया, रुद्रपुर सालिम गांव के कटान क्षेत्र का निरीक्षण कर कटावरोधी कार्यों को भी परखा और तेजी से कार्य पूरा करने को कहा। निरीक्षण के दौरान एडीएम ने एसडीएम को निर्देशित किया कि गांववासियों के साथ प्रभावी कम्युनिकेशन प्लान तैयार करें, जिससे आपातकालीन स्थितियों में सूचनाओं का त्वरित आदान-प्रदान संभव हो सके। उन्होंने यह भी कहा कि बाढ़ चौकियों को पूरी तरह एक्टिव

*धौरहरा में बाढ़ का फुल अलर्ट मोड: एडीएम ने शारदा-घाघरा कटान क्षेत्र का किया निरीक्षण, अफसरों को दिए कड़े निर्देश*

लखीमपुर खीरी। बाढ़ के खतरे को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह सतर्क मोड में आ गया है। गुरुवार को एडीएम नरेंद्र बहादुर सिंह ने एसडीएम शशि कांत मणि के साथ तहसील धौरहरा के अंतर्गत घाघरा एवं शारदा नदी के कटान प्रभावित क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने कटान रोधी कार्यों की प्रगति की समीक्षा करते हुए संबंधित विभागीय अफसरों को सख्त हिदायत दी कि काम में कोई कोताही न बरती जाए और निर्माण की गुणवत्ता सर्वोच्च प्राथमिकता हो।

एडीएम ने जसवंतनगर व हसनपुर कटौली बाढ़ चौकी का निरीक्षण किया और मौके पर मौजूद अधिकारियों से तैयारियों का जायजा लिया। उन्होंने मडवा, मिर्जापुर सरैया, रुद्रपुर सालिम गांव के कटान क्षेत्र का निरीक्षण कर कटावरोधी कार्यों को भी परखा और तेजी से कार्य पूरा करने को कहा।

निरीक्षण के दौरान एडीएम ने एसडीएम को निर्देशित किया कि गांववासियों के साथ प्रभावी कम्युनिकेशन प्लान तैयार करें, जिससे आपातकालीन स्थितियों में सूचनाओं का त्वरित आदान-प्रदान संभव हो सके। उन्होंने यह भी कहा कि बाढ़ चौकियों को पूरी तरह एक्टिव मोड में रखें और हर बदलाव की रियल टाइम रिपोर्टिंग सुनिश्चित करें। एडीएम ने बाढ़ खंड को निर्देशित करते हुए कहा कि गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं होगा। कटाव रोधी कार्य समयबद्ध और ठोस हों। यही प्राथमिकता है।

Exit mobile version